कुल्लू । विश्व का सबसे बड़ा देव महाकुंभ अंतरराष्ट्रीय दशहरा पर्व का आगाज गुरुवार को भगवान रघुनाथ जी की रथयात्रा के साथ होगा। 2 अक्टूबर से 8 अक्टूबर के बीच चलने वाले अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव की तैयारी को लेकर दशहरा उत्सव समिति के अध्यक्ष सुंदर सिंह ठाकुर ने प्रेस वार्ता में मीडिया का संबोधित करते हुए दशहरा देव समागम की तैयारी के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस वर्ष का कुल्लू दशहरा उत्सव आपदा से प्रभावित लोगों को सहयोग प्रदान करने के उद्देश्य के लिए समर्पित है। उन्होंने जानकारी दी की इस वर्ष दशहरा उत्सव का पैमाना थोड़ा कम कर दिया गया है ताकि इससे जो धन की बचत होगी उसे आपदा प्रभावितों की मदद के लिए प्रदान किया जाएगा। उन्होंने कहा की आपदा प्रभावितों के लिए यह संभावित धनराशि करोड़ की संख्या में रहेगी जो कि आपदा प्रभावितों के लिए एक बहुत बड़ा योगदान रहेगा। उन्होंने जानकारी दी की जिस प्रकार से समस्त विभाग इस उत्सव की सफलता के लिए कार्य कर रहे हैं यह उत्सव आपदा से उत्सव की ओर का ध्येय वाक्य को लेकर सफल होगा उन्होंने कहा इस वर्ष देवताओं की संख्या में भी वृद्धि हुई है। देवताओं के लिए जगह-जगह इंतजाम किए गए हैं। वैकल्पिक रास्ते बनाए गए हैं। धूल की समस्या से निजात पाने के लिए पानी का छिड़काव किया जा रहा है। इस वर्ष कल 332 देवताओं को निमंत्रण दिया गया है। 2 अक्टूबर को राज्यपाल रथ यात्रा की कार्यक्रम में शामिल होकर इसका विधिवत उद्घाटन करेंगे तथा रघुनाथ जी के अस्थाई शिविर में पूजा अर्चना करेंगे। उन्होंने कहा कि इस उत्सव के दौरान जो सांस्कृतिक संध्या होगी उनमें बहुत से कलाकारों ने स्वेच्छा से निशुल्क अथवा कम से कम मेहनताने को लेकर अपनी प्रस्तुति देने अपनी इच्छा जाहिर की है। उन्होंने ऐसे सभी कलाकारों का धन्यवाद किया। Post navigation भगवान रघुनाथ जी की रथ यात्रा के साथ हुआ कुल्लू दशहरा का आगाज़, 300 से अधिक देवी – देवता पहुंचे कुल्लू दशहरा मैदान अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव का भव्य समापन, मुकेश अग्निहोत्री मुख्यअतिथि के रूप शामिल