स्वर्ग प्रवास से लौटे आराध्य देव जमदग्नि ऋषि, आज करेंगे भविष्यवाणी देव वाद्य यंत्रों से गूंज उठा कुलंग गांव, शुरु हुआ फागली उत्सव मनाली। मनाली के कुलंग गांव में आराध्य देव जमदग्नि ऋषि के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर देव कार्यक्रम आयोजित किया गया। देवता के गुर ने एक घंटे से अधिक समय तक बर्फ के फाहों के बीच देव विधि को पूर्ण किया। मंगलवार सुबह ही उझी घाटी के कुलंग, बुरुआ व मझाच गांव देव वाद्य यंत्रों से गूंज उठे। दर्जनों कारकूनों संग देवता के गुर ने गांव के खरोड़ी नाला नामक स्थान पर देवता की टोकरी (पाहीगा) से देवता के मोहरों को निकाला। देवता के गुर ने एक घंटे से भी ज्यादा समय नंगे पैर व चोला पहनकर देवविधि को पूर्ण किया। बुधवार को देवता के प्रतिनिधि साल भर होने वाली घटनाओं सहित स्वर्ग का हाल लोगों को बताएंगे। फागली के बीच हो रहे हिमपात से उत्सव का मजा दोगुना हो गया है। Advertisement जमदग्नि ऋषि का तेहरवां देवग्राहलय कहे जाने वाले कुलंग में ग्रामीणों व कारकूनों ने देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर स्वागत किया। देवता के गुर व कारकूनों ने देव विधि अनुसार पूजा-अर्चना की। बुरुआ और जगतसुख में भी फागली उत्सव की धूम मची हुई है। कुल्लू घाटी के आराध्यदेव जमदग्नि ऋषि के स्वर्ग प्रवास से लौटते ही जिला के सभी 13 देवग्राहलयों के कपाट साल भर के लिए खुल गए हैं। देवग्राहलय मलाणा में पहले ही फागली शुरू हो गई है, जबकि कुलंग, मझाच, बुरुआ, शंगचर, जगतसुख, बटाहर, बड़ाग्रा, देवरी, छनी खोड, हामटा, सोयल और जाणा में देवता जमलू के कपाट खुल गए हैं। Post navigation Winter Queen Manali: 28 युवतियां भाग लेंगी शरद सुंदरी प्रतियोगिता 2024 में : दिव्यांगना भूस्खलन से ढाई मंजिला मकान क्षतिग्रस्त, एक गाय व नौ कुत्ते आए मलबे की चपेट में जगतसुख गांव में देर रात हुआ हादसा, भाग्यशाली रहे पति पत्नी